अस्तित्व के लिए जूझती द्रव्यवती नदी
साल 1981 के जुलाई माह में आई बाढ़ में द्रव्यवती नदी का अस्तित्व बह गया था। बची-कुची कसर अतिक्रमण विकास…
A Portal Dedicate to Indian Climate Change and Ecology in Hindi
साल 1981 के जुलाई माह में आई बाढ़ में द्रव्यवती नदी का अस्तित्व बह गया था। बची-कुची कसर अतिक्रमण विकास…
वायनाड – नीलगिरी पर्वतमाला के इन ऊंचे पहाड़ों से कभी एक नदी बहती थी । तेज गति वाली नदी जो…
केरल के वायनाड में तीव्र भूस्खलन ने मुंडक्कई, चूरलमाला कस्बों का अस्तित्व मिटा दिया
अनुमान है कि अगले साल 2025 -26 में यह मांग 34 मिलियन टन तक पहुँच जाएगी । हमारे खाद्य तेल…
भूस्खलन अर्थात ऊँचाई से कीचड़, मलबा और चट्टानों का तेजी से नीचे आना . इससे जनजीवन ठहर सा जाता है…
यमुना नदी में प्रदूषण की स्थिति एक बार फिर से सुर्खियों में है। हाल ही में आई भारी बरसात के…
कांजीरंगा उद्यान की खासियत यहां मिलने वाला एक सींग का गैंडा है। इस प्रजाति के सारी दुनिया में उपलब्ध गैंडों…
पिछले साल हिमाचल प्रदेश से 45000 किलो प्लास्टिक कचरा एकत्रित किया गया था। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भी प्रदेश…
सी ई ई डब्लू और इंडिया क्लाइमिट कॉलब्रेशन द्वारा भारत के हर जिले की जलवायु परवर्तन के प्रति संवेदनशीलता और…
देश की नदियां इस समय बेहद संकट के दौर से गुजर रही हैं , केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने देश…
गांधी की पर्यावरणीय दृष्टि, पर्यावरण की लोक-संरक्षण परंपरा से संबद्ध या प्रभावित है। आख़िर, भौतिकता निरपेक्ष सादगीपूर्ण उनका जीवन भी…
आंकड़ों के अनुसार 1986 से 2023 के बीच जलवायु परिवर्तन से जुड़े लगभग 2,666 मामले दायर हुए हैं। इनमें से…
जलवायु परिवर्तन पर कृषि वैज्ञानिकों ने चेताया है कि अगर हम इसी तरह से खेती-बाड़ी करते रहें तो दुनिया में…
पानी पीने के अलावा शौच, स्नान, कपड़े धोना, खाना बनाना, साफ-सफाई करना और अपने वाहनों को धोना आदि कामों में…