Category: Rivers and Lakes (नदियाँ और झीलें)

बापू (गांधी का स्वराज) , सर्वोदय और हलमा का समकालीन अर्थ

दूनिया जलवायु परिवर्तन, खाद्य असुरक्षा, भूमि क्षरण और जल संकट जैसी जटिल चुनौतियों से जूझ रही है विकास परसराम मेश्राम…

देवदार से गंगा तक

हिमालयी वनों की जैव-रासायनिक शक्ति, बैक्टीरियोफेज विज्ञान और गंगा की स्व-शुद्धिकरण क्षमता पर विकास का प्रभाव अजय सहाय हिमालय की…

दूषित झील कब्रगाह बनी मेहमान पंछियों के लिए

भारत की सबसे विशाल खारे पानी की झील ‘सांभर’ पंकज चतुर्वेदी इस साल तो प्रवासी पक्षियों के आने का सिलसिला…

नदी पुनर्जीवन मॉडल

वैज्ञानिक आधार, डेटा रिकॉर्ड और 2047 के जल आत्मनिर्भर भारत का विज़न अजय सहाय भारत की नदियाँ केवल बहता हुआ…

उथली नदियों में पानी का संकट – बिहार

बीते दो दशकों के दौरान बिहार में 4,425 पुल बने हैं। इन सबका मलबा नदियों में गिरा दिया गया। अवैध…

तीरे-तीरे नदिया: हर साल बाढ़ में डूबता भारत

प्राकृतिक असंतुलन और मानवीय हस्तक्षेप ने मिलकर भारत में बाढ़ के जोखिम को लगातार गहरा किया है। यह वार्षिक आपदा…

नदियों के संरक्षण और स्वच्छता में स्त्रियों की भूमिका

नदियों के निकट की उर्वर भूमि, जल की निरंतर उपलब्धता, प्राकृतिक संपदा और संसाधन डॉ विभा नायक, दिल्ली विश्वविद्यालय नदियाँ…

रिवर फ्रंट: नदी, नियोजन और पर्यावरणीय सरोकार

किसी भी राज्य में रिवर फ्रंट से जुड़ी गतिविधियों की शुरुआत से पहले वहां की भौगोलिक परिस्थितियों और स्थानीय लोगों…

जलकुंभी संकट

भारत की आर्द्रभूमियों पर सबसे बड़ा आक्रांता पौधा और उसका वैज्ञानिक-कानूनी समाधान अजय सहाय भारत में जलकुंभी (Eichhornia crassipes) का…

आर्द्रभूमि संरक्षण

न्यायालयीय निर्णयों से जल आत्मनिर्भर भारत 2047 की दिशा अजय सहाय भारत की आर्द्रभूमियाँ (Wetlands), जिन्हें प्रकृति की किडनी कहा…

आर्द्रभूमि पुनर्स्थापन की यात्रा

स्वतंत्रता के बाद भारत में Wetlands क्षेत्र का राज्यवार विस्तार और वैश्विक मॉडल की साझी कहानी अजय सहाय भारत में…