हर साल एक फीसदी घट रहा है असम
पंकज चतुर्वेदी यदि असम सरकार के जल संसाधन विभाग के आंकड़ों को भरोसेमंद माने तो सन 1950 से अभी तक राज्य की 427,000 हैक्टेयर भूमि […]
Read moreA Portal Dedicate to Indian Climate Change and Ecology in Hindi
पंकज चतुर्वेदी यदि असम सरकार के जल संसाधन विभाग के आंकड़ों को भरोसेमंद माने तो सन 1950 से अभी तक राज्य की 427,000 हैक्टेयर भूमि […]
Read moreप्रतिवर्ष 28 जुलाई को जैव विविधता के संरक्षण, विभिन्न प्राकृतिक संसाधनों का सतत उपयोग सुनिश्चित किए जाने,पर्यावरण संतुलन को बनाए रखने तथा आने वाली पीढ़ियों […]
Read moreमहा-बादलों की ज़द में भारत: गुजरात जल-प्रलय से देश के ख़तरे की घंटी पंकज चतुर्वेदी प्रशांत महासागर की अगाध गहराइयों में घटने वाली समुद्री तापीय […]
Read moreमानसून को खलनायक न बनाएं पंकज चतुर्वेदी सुपर अल नीनो के चलते जो देश अभी एक हफ्ते पहले तक सूखे, कमजोर अर्थ व्यवस्था, संभावित बिजली संकट […]
Read more© UN India/Blassy Boben संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन फ़्रेमवर्क कन्वेंशन (UNFCCC) के कार्यकारी सचिव साइमन स्टील, नई दिल्ली में एक पत्रकार वार्ता को सम्बोधित करते हुए. […]
Read moreपेट्रोल की टंकी में घुलता नया संकट और आम आदमी की जेब का विज्ञान पंकज चतुर्वेदी पिछले कुछ महीनों से सुबह-सुबह पेट्रोल पंपों पर और […]
Read moreपंकज चतुर्वेदी भूजल का गहराता संकट और अस्तित्व की चुनौती आधुनिकता की अंधी दौड़ और अनियोजित विकास के बीच देश के एक बड़े हिस्से से आ […]
Read moreयह लेख मध्यप्रदेश के रतलाम जिले के बाजना क्षेत्र में वर्ष 2026 की भीषण गर्मी के दौरान उत्पन्न पेयजल संकट तथा उसके समाधान की प्रेरणादायक कहानी प्रस्तुत […]
Read moreजलवायु परिवर्तन और लुप्त होता अमरनाथ शिवलिंग अमरनाथ यात्रा: आस्था, प्रकृति और हमारी बढ़ती जिम्मेदारी पंकज चतुर्वेदी करोड़ों हिंदुओं की गहरी आस्था का केंद्र अमरनाथ […]
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