Author: indiaclimatechange

जलवायु संकट से निपटने के वे उपाय कौन से हैं, जो सीमांत किसान सुझाते हैं

जलवायु संकट से निपटने के वे उपाय कौन से हैं, जो सीमांत किसान सुझाते हैं

ब्रिजस्पैन की एक रिपोर्ट जो बताती है कि कैसे देश के सीमांत किसान जिनमें मुख्यरूप से आदिवासी, दलित और महिला किसान शामिल हैं, जलवायु संकट […]

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आखिर हम अपने आने  वाली पीढ़ी को कैसी धरती सौंप कर जाएंगे ?

आखिर हम अपने आने  वाली पीढ़ी को कैसी धरती सौंप कर जाएंगे ?

क्या धर्म केवल पर्व की कुरीतियों को द्विगुणित करना मात्र है ? पंकज चतुर्वेदी कल “एक्स” पर एक लेख साझा किया था जिसमें दीपावली के […]

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प्रदूषण: वर्गीय संकट का असली चेहरा

प्रदूषण: वर्गीय संकट का असली चेहरा

बाढ़, भूस्खलन या भूकंप की तरह प्रदूषण भी कोई प्राकृतिक घटना नहीं कृष्ण नैन बाढ़, भूस्खलन या भूकंप की तरह प्रदूषण भी कोई प्राकृतिक घटना […]

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© UNICEF/Sultan Mahmud Mukut बांग्लादेश में भी हाल के वर्षों में, बारिश और बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है।

जलवायु शिखर सम्मेलन 2025: COP30 की ओर बढ़ते क़दम

दक्षिण एशिया में बाढ़, उत्तरी अमेरिका में जंगल की आग और योरोप में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी ने वैज्ञानिकों की वर्षों पुरानी चेतावनी को और पुख़्ता […]

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ग्रीन पटाखे: पर्यावरण का सच या नया छलावा?

ग्रीन पटाखे

पर्यावरण का सच या नया छलावा? पंकज चतुर्वेदी बीते एक दशक से दिल्ली एन सी आर में दीपावली और खुशियों के बीच अदालत के बारास्त […]

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उथली नदियों में कैसे समाता सावन-भादौ !

उथली नदियों में कैसे समाता सावन-भादौ !

बिहार के वे जिले जो बाढ़ के लिए कुख्यात हैं पंकज चतुर्वेदी इस साल तो आषाढ़ से बादल बरसने शुरू हुए तो आश्विन माह में […]

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सरकारी आंकड़े जंगलों के क्षेत्रफल के साथ गुणवत्ता की भी बात क्यों नहीं करते?

सरकारी आंकड़े जंगलों के क्षेत्रफल के साथ गुणवत्ता की भी बात क्यों नहीं करते?

जंगल से जुड़े सरकारी आंकड़ों का विश्लेषण करती पर्यावरण जानकार, देबादित्यो सिन्हा और हृदयेश जोशी की एक बातचीत । हृदयेश जोशी सरकार द्वारा जारी नए […]

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नदियों के संरक्षण और स्वच्छता में स्त्रियों की भूमिका

नदियों के संरक्षण और स्वच्छता में स्त्रियों की भूमिका

नदियों के निकट की उर्वर भूमि, जल की निरंतर उपलब्धता, प्राकृतिक संपदा और संसाधन डॉ विभा नायक, दिल्ली विश्वविद्यालय नदियाँ किसी भी संस्कृति का प्राण […]

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