आखिर बड्डाल में ‘क्लोरफेनापायर कहाँ से आया ?
हालांकि एट्रोपिन का इस्तेमाल ऑर्गेनोफॉस्फोरस विषाक्तता के लिए एक मारक है, लेकिन आश्चर्यजनक यह है कि किसी भी बीमार या…
A Portal Dedicate to Indian Climate Change and Ecology in Hindi
हालांकि एट्रोपिन का इस्तेमाल ऑर्गेनोफॉस्फोरस विषाक्तता के लिए एक मारक है, लेकिन आश्चर्यजनक यह है कि किसी भी बीमार या…
सुनील कुमार महला प्लास्टिक मनुष्य से लेकर धरती के समस्त जीवों, हमारे पर्यावरण और पारिस्थितिकी के लिए एक प्रकार से…
जल संकट का एकमात्र समाधान विकास परसराम मेश्राम जल मनुष्य के जीवन का मूल आधार है। धरती पर हर जीव…
सुनील कुमार महला, फ्रीलांस राइटर भौगोलिक दृष्टि से भारत विश्व का सातवाँ सबसे बड़ा देश है, जबकि जनसंख्या के दृष्टिकोण…
पारंपरिक ‘जल-तिजोरियां’ ही बचा सकती हैं बेपानी होने से पंकज चतुर्वेदी इस साल मौसम ने होली से पहले ही तीखे…
सुनील कुमार महला 22 मार्च को ‘विश्व जल दिवस’ मनाया जाता है। वास्तव में प्रत्येक वर्ष 22 मार्च को मनाया…
जल संकट और पर्यावरणीय असंतुलन के बढ़ते खतरों के बीच ‘सेवा-सुरभि’ संस्था द्वारा विश्व जल दिवस के अवसर पर ‘क्या…
पंकज चतुर्वेदी जाम्बा, करनाल से कैथल जाने वाले मुख्य मार्ग पर एक संपन्न गांव है। कोई 1250 की आबादी वाले…
पंकज चतुर्वेदी पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के स्थानीय निकायों को ठोस कूड़े के निष्पादन में कोताही बरतने पर…
पंकज चतुर्वेदी तमिलनाडु का धरमपुर रेशम के लिए मशहूर है । यहा हर साल लगभग 17 लाख टन रेशम कोकून…
सुनील कुमार महला राजस्थान सरकार की ओर से छोटे और सीमांत किसानों के लिए कुछ समय पहले ही एक शानदार…
सुनील कुमार महला प्लास्टिक मानवजाति ही नहीं धरती के सभी प्राणियों के ‘जी का जंजाल’ बनता चला जा रहा है।…
पंकज चतुर्वेदी होली भारत में किसी एक जाति, धर्म या क्षेत्र विशेष का पर्व नहीं है, इसकी पहचान देश की…
सुनील कुमार महला इस साल यानी कि वर्ष 2025 में वैश्विक गेहूं और चावल उत्पादन में मामूली वृद्धि का अनुमान…