1990 से आज तक का परिवर्तन और Vision-2047 का पर्यावरणीय भविष्य अजय सहाय 1990 के दशक में भारत और दुनिया के बड़े शहरों में प्रदूषण […]
Read moreMonth: December 2025
क्या सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली की बर्बादी की इबारत लिख दी ?
जब अवैध खनन रुक ही नहीं रहा तो स्थानीय जमीन से 100 मीटर या उससे अधिक ऊंची पहाड़ियों को ही ‘अरावली’ माना जाए । […]
Read moreभारत की प्राचीनतम विरासत अरावली को बचाएं
अब अरावली विरासत को बचाने के लिए कौन जिम्मेदार है? जलपुरुष राजेंद्र सिंह भारत की प्राचीनतम विरासत अरावली पर्वतमाला है। यह दुनिया की दूसरी प्राचीनतम […]
Read moreभारत का नया भूकंप जोखिम मानचित्र
मध्य हिमालय की अत्यधिक संवेदनशीलता और जलवायु परिवर्तन के युग में बढ़ता खतरा — एक दृष्टिनिष्ठ वैज्ञानिक विश्लेषण (2047 परिप्रेक्ष्य) अजय सहाय भारत के नवीनतम […]
Read moreअरावली का पुनः नया संकट – प्रकृति और संस्कृति का विध्वंस है।
अरावली को बचाने वालों से आज तक कभी भी कोई रिपोर्ट तैयार करने वाला नहीं मिला। जलपुरुष राजेन्द्र सिंह जी अरावली क्षेत्र में 1980 के […]
Read moreसूर्य- विकिरण संकट
क्या जलवायु परिवर्तन से अंतरिक्ष मौसम के खतरे बढ़ रहे हैं? पंकज चतुर्वेदी अभी एथियोपिया से उठे ज्वालामुखी के गुबार से हवाई जहाजों के संचालन […]
Read more2047 तक सुरक्षित पेयजल में 25% वृद्धि
भारत का वैज्ञानिक और वैश्विक विज़न अजय सहाय दुनिया में पानी बहुत है लेकिन पीने योग्य पानी बहुत कम है क्योंकि पृथ्वी के पूरे जल […]
Read moreनवीन वलित पर्वत
दुनिया के सबसे ख़तरनाक भूभाग और नया भूकंप मानचित्र सुनील कुमार महला भूकंप की दृष्टि से हमारा देश बहुत ही संवेदनशील क्षेत्र में आता है।इस […]
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