Category: Article (लेख)

भूजल तकनीकें, भूजल संकट और 2047 जल आत्मनिर्भर भारत में इनकी भूमिका

भूजल तकनीकें, भूजल संकट और 2047 जल आत्मनिर्भर भारत में इनकी भूमिका

हर प्रखंड के लिए अलग-अलग “भूजल प्रबंधन योजना” बनाना संभव हो पाता है। अजय सहाय भारत में आज का जल संकट केवल सतही जल की […]

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कॉप-30 सम्मेलन वक्त कम, अपेक्षाओं का है अंबार !

कॉप-30 सम्मेलन

वक्त कम, अपेक्षाओं का है अंबार ! सुनील कुमार महला ब्राजील के बेलेम में 10 नवंबर से 21 नवंबर 2025 तक आयोजित  संयुक्त राष्ट्र जलवायु […]

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स्रोत – ईबर्ड

पक्षी के लिए  सायलेंट ज़ोन

अमूर बाज बाज़ परिवार का एक छोटा प्रवासी पक्षी पंकज चतुर्वेदी यह सुनना कितना सुखद है कि सुदूर नागालैंड वोखा जिले के को दो महीने […]

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नदी पुनर्जीवन मॉडल वैज्ञानिक आधार, डेटा रिकॉर्ड और 2047 के जल आत्मनिर्भर भारत का विज़न

नदी पुनर्जीवन मॉडल

वैज्ञानिक आधार, डेटा रिकॉर्ड और 2047 के जल आत्मनिर्भर भारत का विज़न अजय सहाय भारत की नदियाँ केवल बहता हुआ जल नहीं बल्कि देश की […]

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कड़ाके की ठंड की वापसी: ला नीना, जलवायु और बहुआयामी प्रभाव

कड़ाके की ठंड की वापसी: ला नीना, जलवायु और बहुआयामी प्रभाव

देश भर में मौसम इन दिनों तेजी से करवट ले रहा है पंकज चतुर्वेदी बीते दो साल ठंड के मौसम में पहाड़ों पर बर्फ देर […]

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ज़हर लपेटने की आदत

ज़हर लपेटने की आदत

भारत में ‘स्ट्रीट फूड’ संस्कृति पंकज चतुर्वेदी राजस्थान के  किसी अंदरूनी कस्बे में कचोड़ी लें या फिर  इंदौर-उज्जैन या मालवा के कस्बे में पोहा -जलेबी […]

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बांस में बीज आने से मिजोरम में अकाल की आहट

बांस में बीज आने से मिजोरम में अकाल की आहट

जब बांस फूलता है, तो मृत्यु और विनाश उसके पीछे-पीछे आता है। पंकज चतुर्वेदी सीमापार म्यांमार से आ गए  पचास हज़ार से अधिक शरणार्थियों के […]

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क्या एआइ सोख रही है नीले ग्रह का पानी ?

क्या एआइ सोख रही है नीले ग्रह का पानी ?

कहा गया है कि विज्ञान वरदान है तो अभिशाप भी है सुनील कुमार महला आज एआइ(आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) का जमाना है। दुनिया में आज एआइ के […]

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